आसपास उपजी बड़ी-बड़ी घासों से जहरीले कीड़ों और गंदगी का खतरा बढ़ा
संवाददाता – श्रवण उपाध्याय
अमरकंटक – मां नर्मदा की उद्गम स्थली , पवित्र नगरी अमरकंटक के वार्ड क्रमांक 02 स्थित आंगनवाड़ी केंद्र के ठीक सामने इन दिनों बड़ी-बड़ी घासों का जमावड़ा होने से बच्चों का जीवन खतरे में पड़ता नजर आ रहा ।
स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर परिषद की सप्लाई पाइप लाइन से लगातार पानी का रिसाव हो रहा है, जिससे वहां जलभराव और कीचड़ बना रहता है । इस गंदगी में मच्छर और मक्खियां तेजी से पनप रही हैं , जिससे मलेरिया सहित अन्य संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है ।

लोगों ने बताया कि आंगनवाड़ी केंद्र वार्ड क्रमांक 02 में रोजाना काफी छोटे-छोटे नन्हे मुन्हे बच्चे पढ़ाई और खेलकूद के लिए आते हैं लेकिन आंगनवाड़ी केंद्र के पास रोड किनारे वर्षों से बंद पड़े एक सरकारी मकान के चारों ओर फैली घनी घास और झाड़ियों में कई बार सांपों को आते-जाते देखा गया है । इससे न केवल बच्चों बल्कि राहगीरों में भी भय का माहौल बना हुआ है ।
वर्षाकाल में दूषित जल और अस्वच्छता से दस्त , कृमि संक्रमण , त्वचा व आंखों के रोग , मलेरिया और अन्य बीमारियों का खतरा और अधिक बढ़ जाता है । यही स्थिति वार्ड 02 आंगनवाड़ी केंद्र के आसपास भी बनी हुई है ।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि आंगनवाड़ियों के आस-पास स्वच्छता बनाए रखना अति आवश्यक है । घास-फूस और गंदगी तुरंत हटाई जानी चाहिए ताकि नन्हे-मुन्ने बच्चों को किसी भी तरह का खतरा न हो ।
लोगों ने इस समस्या की जानकारी वार्ड क्रमांक 02 की पार्षद को भी दे दी गई थी लेकिन अब तक प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है ।
आंगनवाड़ी केंद्र के सामने अवैधरूप से और वर्षों से ताला लटका हुआ किसी के द्वारा कब्जा किए गए मकान का भी निरीक्षण में लेकर उसे खाली कराना चाहिए और उसके चारों तरफ फैली गंदगी को सफाई करवाकर आंगनवाड़ी केंद्र के आस पास सफाई बनी रहनी चाहिए ।
नगर परिषद जल प्रदाय विभाग के प्रमुख बैजनाथ चंद्रवंशी ने कहा कि मैं स्वतः जाकर उस क्षेत्र की सफाई कार्य दिखवाता हु ।