श्रावण उपाध्याय पत्रकार
अमरकंटक…इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय अमरकंटक के राजनीति विभाग द्वारा दो दिवसीय
राष्ट्रीय संगोष्ठी ‘नए भारत का निर्माण : अवसर एवं चुनोतियाँ’ विषय पर आयोजित किया गया उद्घाटन सत्र में उपस्थित प्रो. डी. के. वर्मा, प्रो. आर.एस. तोमर, प्रो. रोहितास दुबे द्वारा अपने व्याख्यान में चुनौतियों को अवसर पर कैसे बदला जाए इस पर व्याख्यान दिया। भारत में हर चुनौती को अवसर के रूप में देखा जाता है। भारत में आजादी के बाद से लगातार विकास की धारा बह रही है। आज हम पूरी दुनिया के सामने स्वास्थ्य सेवाओं में अग्रणी साबित हो रहे हैं और नई शिक्षा नीति 2020 से शिक्षा के क्षेत्र में दुनिया के विकासशील देशों के सामने एक श्रेष्ठ मॉडल प्रस्तुत कर रहे हैं।
संगोष्ठी में अध्यक्षीय उद्बोधन देते हुए विश्वविद्यालय के यशस्वी कुलपति प्रो. श्रीप्रकाश मणि त्रिपाठी बोले कि वैश्विक स्तर पर भारत एक नायक बन कर उभर रहा है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के माध्यम से हमारे छात्र छात्राएं दुनिया की किसी भी चुनौती का सामना करने के लिए सक्षम हैं। देश इस समय अपनी आजादी के अमृत काल में अमृत महोत्सव मना रहा है। हमारा देश एक जीवंत राष्ट्र है, हम इतिहास के गौरवशाली क्षणों का ध्यान करते हैं और अपनी संस्कृति के प्रभाव को निर्बाध रूप से आगे बढ़ाने में सहायक सिद्ध हो रहे हैं। भारत की विदेश नीति हो, सुरक्षा नीति हो या गृह नीति हो, ये सभी ऊर्जावान है। वर्तमान समय में शिक्षा और विकास के माध्यम से गांव, नगर और महानगर के बीच के भेद को मिटाया जा रहा है। भारत का आधार ‘राम राज्य’ है, जिसकी स्थापना स्वयं भगवान राम ने की थी। नए भारत के निर्माण में अवसर ही चुनोतियाँ बन कर उभर रही हैं।
राष्ट्रीय संगोष्ठी के आयोजक सचिव डॉ. अनिल कुमार ने संगोष्ठी के विषय की जानकारी प्रस्तुत की तत्पश्चात विभाग की अध्यक्ष प्रो.अनुपम शर्मा ने स्वागत भाषण दिया एवं विश्वविद्यालय के अधिष्ठाता (अकादमिक) प्रो. आलोक श्रोत्रिय द्वारा विद्यालय की जानकारी प्रस्तुत की गई जबकि धन्यवाद ज्ञापन राजनीति विभाग के प्रो. घनश्याम शर्मा जी द्वारा दिया गया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के शिक्षकगण, कर्मचारीगण एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।